Android User सावधान रहे! गूगल ने किया हैअलर्ट जारी।
( Apurba Das )
आजकल स्मार्टफोन हमारी ज़िंदगी का सबसे जरूरी हिस्सा बन चुका है। बैंकिंग से लेकर सोशल मीडिया, ऑफिस के काम से लेकर निजी तस्वीरों तक — सब कुछ हमारे फोन में ही मौजूद रहता है। ऐसे में अगर आपके फोन की सुरक्षा खतरे में हो, तो समझ लीजिए आपकी पूरी डिजिटल दुनिया खतरे में है।
⚠️ हाल ही में गूगल ने Android 12 और उससे पुराने वर्जन का उपयोग करने वाले यूजर्स के लिए हाई अलर्ट जारी किया है। बताया जा रहा है कि दुनिया भर के लगभग 40% से ज्यादा डिवाइस अब भी पुराने एंड्रॉइड वर्जन पर चल रहे हैं, जिन्हें अब नियमित सिक्योरिटी अपडेट नहीं मिल रहे। इसका सीधा मतलब है — खतरा बढ़ गया है।
👉 क्यों खतरनाक है Android 12 और उससे नीचे का वर्जन?
एंड्रॉइड ऑपरेटिंग सिस्टम समय-समय पर अपडेट होता रहता है। हर नया वर्जन न सिर्फ नए फीचर्स लाता है बल्कि पुराने वर्जन की कमियों और सुरक्षा खामियों (Vulnerabilities) को भी ठीक करता है। जब कोई वर्जन पुराना हो जाता है, तो कंपनी उस पर सिक्योरिटी पैच देना बंद कर देती है। ऐसे में हैकर्स उन कमजोरियों का फायदा उठाकर मैलवेयर, वायरस और स्पाइवेयर के जरिए फोन में घुस सकते हैं।
Android 12 और उससे नीचे के वर्जन अब नियमित सुरक्षा अपडेट नहीं पा रहे हैं। इसका मतलब यह है कि अगर कोई नई साइबर कमजोरी सामने आती है, तो उसे ठीक करने का पैच आपके फोन को नहीं मिलेगा। यही वजह है कि गूगल ने इसे लेकर चेतावनी जारी की है।
◽क्या-क्या नुकसान हो सकता है?
1. बैंकिंग फ्रॉड और पैसे की चोरी
सबसे बड़ा खतरा ऑनलाइन बैंकिंग और यूपीआई यूजर्स को है। अगर आपके फोन में मैलवेयर घुस जाता है, तो वह आपके OTP, पासवर्ड और बैंक डिटेल्स चुरा सकता है। कई मामलों में हैकर्स बिना जानकारी के खाते से पैसे निकाल लेते हैं।
2. पर्सनल डेटा की चोरी
आपके फोन में फोटो, वीडियो, कॉन्टैक्ट्स, मैसेज और जरूरी डॉक्यूमेंट्स होते हैं। वायरस या स्पाइवेयर इन्हें चुरा कर गलत हाथों में पहुंचा सकते हैं। बाद में ब्लैकमेलिंग या पहचान की चोरी (Identity Theft) जैसी घटनाएं हो सकती हैं।
3. सोशल मीडिया अकाउंट हैक
पुराने एंड्रॉइड वर्जन पर चलने वाले फोन में सिक्योरिटी कमज़ोर होने के कारण फेसबुक, इंस्टाग्राम, व्हाट्सएप जैसे अकाउंट हैक हो सकते हैं। कई बार हैकर्स आपके नाम से गलत मैसेज भेजते हैं या फ्रॉड करते हैं।
4. रैनसमवेयर का खतरा
रैनसमवेयर एक ऐसा वायरस है जो आपके फोन के डेटा को लॉक कर देता है और उसे अनलॉक करने के लिए पैसे मांगता है। अगर आपने बैकअप नहीं लिया है, तो सारा डेटा खो सकता है।
5. फोन की स्पीड और परफॉर्मेंस पर असर
पुराने वर्जन में नए ऐप्स सही से काम नहीं करते। कई ऐप्स अपडेट सपोर्ट नहीं करते, जिससे फोन स्लो हो जाता है और बार-बार हैंग होने लगता है।
6. जासूसी और प्राइवेसी का खतरा
कुछ खतरनाक ऐप्स कैमरा और माइक्रोफोन की अनुमति लेकर आपकी गतिविधियों पर नजर रख सकते हैं। बिना जानकारी के आपकी बातचीत रिकॉर्ड की जा सकती है।
◽कैसे रहें सुरक्षित?
अब सवाल आता है — अगर आपका फोन Android 12 या उससे पुराने वर्जन पर है, तो क्या करें? घबराने की जरूरत नहीं, लेकिन सावधानी बहुत जरूरी है।
1. तुरंत अपडेट चेक करें
सबसे पहले अपने फोन की सेटिंग में जाकर “Software Update” या “System Update” ऑप्शन में चेक करें कि नया वर्जन उपलब्ध है या नहीं। अगर अपडेट मिल रहा है, तो तुरंत इंस्टॉल करें।
2. अगर अपडेट नहीं मिल रहा तो?
कई पुराने फोन में नया एंड्रॉइड वर्जन सपोर्ट नहीं करता। ऐसे में बेहतर है कि आप नया स्मार्टफोन लेने पर विचार करें। खासकर अगर आप ऑनलाइन बैंकिंग और डिजिटल पेमेंट ज्यादा करते हैं, तो सुरक्षित डिवाइस जरूरी है।
3. सिर्फ Google Play Store से ही ऐप डाउनलोड करें
थर्ड पार्टी वेबसाइट या अनजान लिंक से ऐप डाउनलोड न करें। Play Store पर भी ऐप इंस्टॉल करने से पहले उसकी रेटिंग और रिव्यू जरूर देखें।
4. अनजान लिंक पर क्लिक न करें
SMS, ईमेल या व्हाट्सएप पर आए अनजान लिंक पर क्लिक करने से बचें। कई बार फर्जी ऑफर या लॉटरी के नाम पर वायरस भेजा जाता है।
5. एंटीवायरस ऐप का उपयोग करें
एक भरोसेमंद मोबाइल सिक्योरिटी ऐप इंस्टॉल करें जो मैलवेयर और खतरनाक ऐप्स की पहचान कर सके।
6. ऐप परमिशन की जांच करें
फोन की सेटिंग में जाकर देखें कि कौन-सा ऐप कैमरा, माइक्रोफोन या लोकेशन की अनुमति ले रहा है। अनावश्यक परमिशन तुरंत हटा दें।
7. मजबूत पासवर्ड और लॉक का उपयोग
फोन में PIN, पासवर्ड या फिंगरप्रिंट लॉक जरूर लगाएं। बैंकिंग ऐप्स के लिए अलग और मजबूत पासवर्ड रखें।
8. नियमित बैकअप लें
Google Drive या किसी सुरक्षित क्लाउड सर्विस में अपने डेटा का बैकअप लेते रहें। ताकि किसी भी साइबर हमले की स्थिति में आपका डेटा सुरक्षित रहे।
◽क्या नया फोन लेना ही एकमात्र समाधान है?
अगर आपका फोन बहुत पुराना है और उसे सिक्योरिटी अपडेट मिलना बंद हो चुका है, तो हां — नया फोन लेना बेहतर विकल्प है। खासकर 5G और नए एंड्रॉइड वर्जन (Android 13, 14 या उससे ऊपर) वाले फोन ज्यादा सुरक्षित माने जाते हैं। आजकल कई कंपनियां 3–4 साल तक सिक्योरिटी अपडेट देने का वादा करती हैं।
डिजिटल युग में सुरक्षा सबसे जरूरी है। अगर आप अब भी Android 12 या उससे पुराने वर्जन का इस्तेमाल कर रहे हैं, तो यह चेतावनी आपके लिए है। साइबर अपराधी लगातार नए तरीके खोज रहे हैं, और बिना सिक्योरिटी अपडेट के आपका फोन उनके लिए आसान निशाना बन सकता है।
थोड़ी-सी लापरवाही आपकी मेहनत की कमाई और निजी जानकारी को खतरे में डाल सकती है। इसलिए समय रहते अपने फोन को अपडेट करें, सावधान रहें और डिजिटल सुरक्षा को प्राथमिकता दें। याद रखिए — स्मार्टफोन तभी स्मार्ट है, जब वह सुरक्षित हो।